हनुमान जी को संकटमोचन और शक्ति का प्रतीक माना जाता है। उनकी पूजा से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और मन में साहस आता है। हालांकि महिलाओं के लिए हनुमान जी की पूजा से जुड़े कुछ खास नियम बताए गए हैं, जिनका पालन करना जरूरी माना जाता है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार महिलाएं हनुमान जी की पूजा जरूर कर सकती हैं, लेकिन पूजा के दौरान कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए। माना जाता है कि मासिक धर्म के समय महिलाओं को हनुमान जी की पूजा नहीं करनी चाहिए। इस दौरान वे मन ही मन उनका स्मरण कर सकती हैं।
इसके अलावा महिलाओं को हनुमान जी की मूर्ति को सीधे स्पर्श करने से भी बचना चाहिए। मान्यता है कि हनुमान जी बाल ब्रह्मचारी थे, इसलिए महिलाएं दूर से प्रणाम करके या फूल अर्पित करके पूजा करें तो अधिक शुभ माना जाता है।
हनुमान जी की पूजा करने वाले स्त्री और पुरुष दोनों को मंगलवार और शनिवार के दिन तामसिक भोजन, लहसुन-प्याज, मांस और मदिरा से दूर रहना चाहिए। पूजा से पहले स्नान करना, साफ कपड़े पहनना और श्रद्धा से हनुमान चालीसा का पाठ करना शुभ माना जाता है।